रुद्रपुर lउत्तराखंड के ऊधम सिंह नगर जिले में निजी बसों की धड़ल्ले से जारी ओवरलोडिंग और अवैध संचालन के खिलाफ परिवहन विभाग ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। मंगलवार देर रात लालपुर के समीप चेकिंग अभियान के दौरान विभाग ने बहराइच (उत्तर प्रदेश) से पंजाब की ओर जा रही एक लक्जरी बस को रोककर जांच की, जिसमें नियमों की घोर अनदेखी का हैरान करने वाला मामला सामने आया।

​क्षमता से तीन गुना अधिक सवारियाँ और भारी किराया

​जांच के दौरान अधिकारियों ने पाया कि जिस बस का परमिट केवल 30 स्लीपर यात्रियों की क्षमता का था, उसमें 103 यात्री सफर कर रहे थे। यानी बस में क्षमता से 73 यात्री अधिक ठूंस-ठूंसकर बैठाए गए थे। यात्रियों से इस जोखिम भरे सफर के लिए प्रति व्यक्ति लगभग ₹800 का किराया वसूला गया था।

​बिना परमिट और टैक्स के दौड़ रही थी बस

​सड़क सुरक्षा से खिलवाड़ के साथ-साथ यह बस बिना वैध दस्तावेजों के संचालित की जा रही थी। परिवहन विभाग की पड़ताल में बस का न तो परमिट वैध मिला और न ही टैक्स की रसीद पूरी पाई गई।

​मामले की गंभीरता को देखते हुए परिवहन विभाग ने बस का ₹1.34 लाख का चालान किया और वाहन को तत्काल सीज कर रुद्रपुर बस स्टेशन में खड़ा करा दिया। हालांकि, देर रात यात्रियों को होने वाली असुविधा को ध्यान में रखते हुए उनके आगे के सफर के लिए विभाग ने वैकल्पिक बस की व्यवस्था कराई।

​ओवरलोडिंग के खिलाफ जारी रहेगा कड़ा रुख

​पिछले दो दिनों से लगातार मिल रही ओवरलोडिंग की शिकायतों के बाद रात में लंबी दूरी पर जाने वाली निजी बसों पर पैनी नजर रखी जा रही है।

एआरटीओ प्रवर्तन नवीन कुमार सिंह ने स्पष्ट किया कि नियमों का गंभीर उल्लंघन करने वाले बस संचालकों को बख्शा नहीं जाएगा। कार्रवाई सिर्फ चालान तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि जरूरत पड़ने पर परमिट रद्द करने, ड्राइविंग लाइसेंस निरस्त करने और वाहन की फिटनेस खारिज करने जैसी सख्त विधिक कार्रवाई भी की जाएगी।​

ADVERTISEMENTS Ad