टिकट न मिलने पर निर्दलीय उतरे आर्यन, निकटतम प्रतिद्वंद्वी को हराकर कब्जाया अध्यक्ष पद; तीसरे स्थान पर खिसकी विद्यार्थी परिषद
हल्द्वानी। कुमाऊं के सबसे बड़े मोतीराम बाबूराम राजकीय स्नातकोत्तर (MBPG) महाविद्यालय छात्रसंघ चुनाव में बड़ा राजनीतिक उलटफेर देखने को मिला है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) से टिकट न मिलने के बाद निर्दलीय मैदान में उतरे बागी प्रत्याशी आर्यन बेलवाल ने अध्यक्ष पद पर शानदार जीत दर्ज कर इतिहास रच दिया है।
त्रिकोणीय मुकाबला और बगावत का असर
चुनाव से पहले संगठन के भीतर टिकट को लेकर खींचतान जारी थी। ABVP ने धीरज बिष्ट को अपना प्रत्याशी घोषित किया, जिससे असंतुष्ट होकर आर्यन बेलवाल ने समर्थकों के साथ निर्दलीय मैदान में उतरने का फैसला किया। वहीं, कांग्रेस के छात्र संगठन NSUI ने मेहुल शाह को अपना उम्मीदवार बनाया, जिससे मुकाबला बेहद दिलचस्प व त्रिकोणीय हो गया।
शुरुआती राउंड से कायम रखी बढ़त
18 राउंड तक चली मतगणना में आर्यन बेलवाल पहले ही राउंड से बढ़त बनाए रहे। अंतिम परिणाम में आर्यन को 1,723 मत मिले, जबकि निकटतम प्रतिद्वंद्वी मेहुल शाह को 1,257 वोट प्राप्त हुए। ABVP प्रत्याशी धीरज बिष्ट 988 वोटों के साथ तीसरे स्थान पर रहे।
छात्र राजनीति पर दूरगामी प्रभाव
संगठन का टिकट न मिलने के बावजूद 466 वोटों के बड़े अंतर से निर्दलीय चुनाव जीतना एमबीपीजी कॉलेज की छात्र राजनीति का बड़ा घटनाक्रम माना जा रहा है। इस परिणाम ने स्पष्ट संदेश दिया है कि परिसर में संगठन से ज्यादा प्रत्याशी की व्यक्तिगत साख और छात्रों से जुड़ाव अहम साबित हुआ है।


















