हल्द्वानी : जनपद के हल्द्वानी स्थित चंदन हॉस्पिटल में उपचार के नाम पर अवैध वसूली, चिकित्सा में लापरवाही और मरीजों के आर्थिक शोषण की शिकायतों को जिला प्रशासन ने गंभीरता से लिया है। जिलाधिकारी नैनीताल के आदेश पर अस्पताल के विरुद्ध लगे इन गंभीर आरोपों की विस्तृत जाँच के लिए एक उच्च स्तरीय संयुक्त जाँच समिति का गठन किया गया है।
अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) नैनीताल की अध्यक्षता में गठित इस समिति में नगर मजिस्ट्रेट (हल्द्वानी) और अपर मुख्य चिकित्साधिकारी (तृतीय) हल्द्वानी को बतौर सदस्य शामिल किया गया है। यह समिति अस्पताल की कार्यप्रणाली के दो मुख्य बिंदुओं पर केंद्रित रहेगी:
- अस्पताल द्वारा ली जा रही फीस और निर्धारित स्वास्थ्य मानकों की विस्तृत जाँच।
- मरीजों के आर्थिक/मानसिक शोषण और चिकित्सा में लापरवाही के आरोपों के साक्ष्य संकलन।
अपर जिलाधिकारी विवेक राय द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति में स्पष्ट किया गया है कि इस मामले से संबंधित कोई भी व्यक्ति (चाहे वह सीधे तौर पर प्रभावित हो या अन्य जानकार) अपने बयान या साक्ष्य दर्ज करा सकता है। प्रशासन ने अपील की है कि यदि किसी के पास अस्पताल की अनियमितताओं से संबंधित मौखिक या लिखित साक्ष्य हैं, तो वे विज्ञप्ति प्रकाशन के 07 दिनों के भीतर किसी भी कार्य दिवस में जाँच समिति के अधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत कर सकते हैं।
न्याय के सिद्धांतों का पालन करते हुए, प्रशासन ने चंदन हॉस्पिटल के प्रबंधक को भी अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया है। अस्पताल प्रबंधन डाक के माध्यम से या स्वयं उपस्थित होकर अपना लिखित प्रत्युत्तर और साक्ष्य समिति को सौंप सकता है।
यह कार्रवाई जिले में निजी अस्पतालों की मनमानी पर लगाम लगाने और स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।

















