( व्यापार मंडल अध्यक्ष सुशील साह ने दो टूक बात कह व्यापारी हित का बयान दिया)
धारानौला में व्यापार मंडल अल्मोड़ा की बैठक में मिठाई कारोबारियों ने व्यापार मंडल जिला अध्यक्ष सुशील साह से अपनी पीड़ा कहते हुए बताया सैंपलिंग के नाम पर व्यापारियों का शोषण और उत्पीड़न किया जा रहा है। व्यापार मंडल अल्मोड़ा की मिठाई व्यापारियों की एक बैठक आयोजित की गई। बैठक में नगर के तमाम मिठाई कारोबारियों ने अपनी समस्याएं रखते हुए खाद्य विभाग एवं प्रशासन की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई। व्यापारियों का कहना था कि त्योहारों के नजदीक आते ही विभागीय अधिकारी सक्रिय हो जाते हैं और सैंपलिंग के नाम पर व्यापारियों को अनावश्यक रूप से परेशान किया जाता है। ऐसा व्यवहार किया जा रहा है मानो व्यापारी कोई अवैध या नशे का कारोबार कर रहे हों।व्यापारियों ने कहा कि स्वच्छता, सफाई और खाद्य पदार्थों की शुद्धता को वे अपने व्यवसाय का अभिन्न हिस्सा मानते हैं।
वर्षों से कारोबार कर रहे व्यापारी अपनी प्रतिष्ठा और ग्राहकों के विश्वास के आधार पर व्यापार करते हैं। यदि कोई व्यापारी जानबूझकर गलत या मिलावटी सामग्री बेचता है तो वह लंबे समय तक बाजार में अपना व्यवसाय नहीं चला सकता। ऐसे लोगों के विरुद्ध व्यापार मंडल भी प्रशासन के साथ खड़ा है।इसके बावजूद सभी व्यापारियों को एक ही नजर से देखना उचित नहीं है।व्यापारियों ने यह भी सवाल उठाया कि मेलों और अस्थायी फड़ों में बिकने वाली मिठाइयों की गुणवत्ता पर अपेक्षित निगरानी नहीं होती, जबकि सुबह से शाम तक अपनी दुकानों पर बैठकर कारोबार करने वाले नियमितव्यापारियों पर कार्रवाई का दबाव बनाया जाता है।बैठक को संबोधित करते हुए व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष सुशील साह ने व्यापारियों से एकजुट और निडर रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि हम कोई चोरी या नशे का कारोबार नहीं कर रहे हैं, जो प्रशासन से डरकर अपना सम्मान खो दें। सभी व्यापारी सफाई, स्वच्छता और खाद्य पदार्थों की शुद्धता बनाए रखें। किसी भी प्रकार की खराब या मिलावटी सामग्री को दुकान में रखना और बेचना पूरी तरह बंद करें।उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि व्यापारी सभी नियमों का पालन करने के बावजूद प्रशासन या किसी अधिकारी द्वारा अनावश्यक रूप से प्रताड़ित किए जाते हैं तो व्यापार मंडल चुप नहीं बैठेगा।
जरूरत पड़ने पर सभी व्यापारी एकजुट होकर संबंधित अधिकारियों का घेराव करेंगे और सड़कों पर उतरकर अपनी लड़ाई लड़ेंगे। इसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।सुशील साह ने कहा कि व्यापारी देश की अर्थव्यवस्था की मजबूत कड़ी हैं। जीएसटी और विभिन्न करों के माध्यम से सरकार को बड़ा राजस्व उपलब्ध कराने वाले व्यापारियों को ही संदेह की नजर से देखना दुर्भाग्यपूर्ण है। मिठाई विक्रेताओं को अधिकारियों द्वारा कथित रूप से ‘मीठा जहर’ कहे जाने पर उन्होंने कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार हर अधिकारी गलत नहीं हो सकता, उसी प्रकार हर व्यापारी को मिलावटखोर या गलत नहीं कहा जा सकता। किसी एक की गलती के लिए पूरे व्यापारी समाज को बदनाम करना उचित नहीं है।
बैठक में विजय भट्ट एवं नगर सचिव अश्विन नेगी ने भी व्यापारियों को आश्वस्त किया कि व्यापारियों के सम्मान और अधिकारों की लड़ाई में व्यापार मंडल उनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा रहेगा। उन्होंने कहा कि यदि जरूरत पड़ी तो सभी व्यापारी एकजुट होकर सड़क पर उतरने के लिए भी तैयार हैं।बैठक में व्यापारियों ने एक स्वर में मांग उठाई कि खाद्य सुरक्षा के नियमों का पालन अवश्य कराया जाए, लेकिन जांच और सैंपलिंग की प्रक्रिया निष्पक्ष, पारदर्शी और सम्मानजनक होनी चाहिए। व्यापारियों का उत्पीड़न किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।बैठक में व्यापार मंडल के सम्मानित जिलाध्यक्ष सुशील साह संयुक्त महामंत्री दिनेश मठपाल जिला उपाध्यक्ष विजय भट्ट जिला मंत्री नरेंद्र कुमार विक्की जिला नगर के सचिव वकुल साह नगर के सह सचिव अश्विन नेगी वरिष्ठ व्यापारी जीवन चन्द्र पन्त , आनन्द सिंह अधिकारी , पूरन महरा, अशोक सिंह मुस्युनीदीवान राम, दीवान मनराल, मनोज बिष्ट, कैलाश सिंह बिष्ट, नवीन बगड़वालसुनील अधिकारी, सुनील मनराल, मयंक सांगा, शंकर दत्त जोशी, शंकर बिष्टपूरन सिंह बिष्ट, शुभम बिष्ट, विवेक जोशी, राकेश जोशी संजय बिष्ट आदि व्यापारी उपस्थित रहे,






















