जरूरी सुविधाएं: विशेषज्ञ डॉक्टरों की तैनाती, ब्लड स्टोरेज यूनिट, रेडियोलॉजी व अल्ट्रासाउंड सेवा शुरू करने की मांग।
जरूरी सुविधाएं: विशेषज्ञ डॉक्टरों की तैनाती, ब्लड स्टोरेज यूनिट, रेडियोलॉजी व अल्ट्रासाउंड सेवा शुरू करने की मांग।
इमरजेंसी सेंटर: सड़क दुर्घटनाओं व आपदाओं को देखते हुए अस्पताल को सुदृढ़ इमरजेंसी केंद्र के रूप में विकसित करने पर जोर।
गरमपानी। पर्वतीय क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण की मांग को लेकर स्थानीय ग्रामीणों ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) गरमपानी को उप जिला चिकित्सालय का दर्जा देने की मांग उठाई है। इस संबंध में क्षेत्रवासियों ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) अनुराग आर्य को ज्ञापन सौंपकर आवश्यक शासनस्तरीय कार्रवाई का अनुरोध किया।

ज्ञापन में कहा गया कि गरमपानी और आसपास की बड़ी आबादी प्राथमिक व आपातकालीन स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए इसी सीएचसी पर निर्भर है। हालांकि, विशेषज्ञ डॉक्टरों और अत्याधुनिक संसाधनों की कमी के कारण गंभीर मरीजों को हल्द्वानी रेफर करना पड़ता है। पर्वतीय मार्ग होने से लंबी दूरी तय करने में समय व्यर्थ होता है, जिससे मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
क्षेत्रवासियों ने अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियमित नियुक्ति, रिक्त पदों को भरने, ब्लड स्टोरेज यूनिट, रेडियोलॉजी और अल्ट्रासाउंड जैसी मूलभूत सुविधाएं तत्काल शुरू करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में आपदाओं और सड़क दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है, इसलिए गरमपानी सीएचसी को एक मजबूत ‘इमरजेंसी हेल्थ सेंटर’ के रूप में विकसित करना बेहद जरूरी है। ज्ञापन सौंपने वालों में हेम चन्द्र तिवारी, रक्षित साह और ग्राम प्रधान भाष्कर चन्द्र प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
















